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लाभ और लौटाने की अवधि

Bihar University Degree Update: बीआरए बिहार विश्वविद्यालय के 2 हजार छात्रअपनी डिग्री भूल गए हैं। इन छात्रों की डिग्री कॉलेज से लौट कर अब बिहार यूनिवर्सिटी के परीक्षा विभाग गई है।

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परीक्षा विभाग ने बताया

बिहार यूनिवर्सिटी के परीक्षा विभाग का कहना है कि कॉलेजों ने 5 वर्ष तक छात्रों का इंतजार किया, लेकिन डिग्री लेने ये नहीं आए। इसलिए डिग्रियों को परीक्षा विभाग को लौटा दिया गया है।

परीक्षा नियंत्रक डॉ. संजय कुमार ने बताया

बिहार यूनिवर्सिटी के परीक्षा नियंत्रक डॉ. संजय कुमार ने बताया कि कॉलेज लोटी डिग्रियों को Degree Section में रख दिया गया है।

ज्यादातर वर्ष 1980 से 1990 तक की है डिग्री

जिन छात्रों की डिग्रियां लौटी हैं उनमें ज्यादातर वर्ष 1980 से 1990 तक की है। आवेदन करने के बाद भी छात्र डिग्री लेने नहीं आए। इन डिग्रियों को विधि ने Old Format पर बनाया था। बिहार विश्विद्यालय में अब New Format पर डिग्रियों बन रही हैं।

कोई पुराना छात्र आता है तो उसे डिग्री खोजकर दे दी जाएगी

डिग्री नहीं लाभ और लौटाने की अवधि ले जाने वाले छात्रों का कोई पता परीक्षा विभाग के पास नहीं है। विभाग का कहना है लाभ और लौटाने की अवधि कि कोई संपर्क नहीं रहने से इन छात्रों को खोजना मुश्किल है।

लेकिन, हमलोगों ने उनकी डिग्री को सुरक्षित डिग्री सेक्शन में रखवा दिया है। अगर कोई पुराना छात्र आता है तो उसे डिग्री खोजकर दे दी जाएगी।

उपरोक्त सभी बिंदुओँ की मदद से हमने आपको पूरी न्यू अपडेट के बारे मे बताया ताकि आप इसका पूरा – पूरा लाभ प्राप्त कर सकें। अन्त, आर्टिकल के अन्त में, हमें उम्मीद है कि आप सभी को हमारा यह आर्टिकल बेहद पसंद आया होगा जिसके लिए आप हमारे इस आर्टिकल को लाइक, शेयर व कमेंट करेगे।

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Paddy जिले में 15 लाख क्विंटल धान खरीदी

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गोंदिया. जिला मार्केटिंग फेडरेशन के धान खरीदी केंद्रों पर धान खरीदी की प्रक्रिया में गति आ गई है. इसमें लगभग 15 दिनों की अविध में 15 लाख क्विंटल धान खरीदी की गई है. पिछले सप्ताह भर धान खरीदी जोरों पर दिखाई दे रही है. शासकीय धान खरीदी केंद्र पर धान की बिक्री करने के लिए शासन ने इस बार पोर्टल पर आनलाइन पंजीयन अनिवार्य किया है.

जिले में 2 लाख 67 हजार खातेधारक किसान हैं. इसमें से 1 लाख 14 हजार किसानों ने अब तक पंजीयन किया है लेकिन अब भी बड़े पैमाने पर किसान पंजीयन से वंचित हैं. इन किसानों का पंजीयन हो सके. इसके लिए शासन ने ऑनलाइन पंजीयन के लिए 20 दिसंबर तक पुन: अवधि बढ़ा दी है. शुरू मौसम में सातबारा उतारा, आधार कार्ड, बैंक पासबुक व मोबाइल क्र. आदि कागज पत्र प्रस्तुत कर 20 दिसंबर तक खरीफ मौसम की धान खरीदी के लिए आनलाईन पंजीयन पूर्ण कर शासन की धान खरीदी योजना का लाभ लें.

जिले के सभी धान उत्पादक किसानों ने तहसील के निकट वाले आधारभुत धान खरीदी केंद्र पर स्वयं के प्रत्यक्ष लाईव्ह फोटो अपलोड कर इस योजना का लाभ ले. ऐसा लाभ और लौटाने की अवधि आव्हान जिला मार्केटिंग अधिकारी मनोज बाजपेई ने किया है. इसी तरह कोई भी किसान जनधन योजना के खाते, संयुक्त बैंक खातों का पंजीयन न करें. ऐसा भी कहा गया है.

घटिया बारदाने से किसान त्रस्त

शासकीय धान खरीदी केंद्र पर धान की बिक्री करने के लिए किसानों को फेडरेशन द्वारा बारदाने की पूर्ति की जाती है. जबकि इस बार पूर्ति किया गया बारदाना घटिया दर्जे का है. जिससे किसानों को विभिन्न समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है. जिले के किसानों ने दर्जेदार बारदाने की पूर्ति करने की मांग की है.

धान के चुकारों को मिल रही गति

जिला मार्केटिंग फेडरेशन के 114 शासकीय धान खरीदी केंद्रों पर हमीभाव से धान खरीदी करने की प्रक्रिया शुरू है. इन केंद्रों पर अब तक 15 लाख क्विंटल धान की खरीदी की गई है. इस खरीदी किए धान की कुल कीमत 306 करोड़ रु. है. इसमें बड़े पैमाने पर धान के चुकारे का भुगतान किया गया है. इस बार चुकारे करने की प्रक्रिया जल्द की जाएगी. ऐसी जानकारी मिली है.

SSY के बदल गए नियम तीन लड़कियों में अब ….

सुकन्या समृद्धि योजना (SSY) भारत सरकार द्वारा चलाई जा रही विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं में से एक है। यह योजना न केवल जोखिम-मुक्त रिटर्न प्रदान करती है बल्कि बेटियों की शादी जैसे बड़े लक्ष्यों के लिए एक योजना बनाने में भी मदद करती है।

सुकन्या समृद्धि खाता 10 वर्ष से कम आयु की बालिका के प्राकृतिक या कानूनी अभिभावक द्वारा खोला जा सकता है। हालांकि, एक व्यक्ति एक बच्ची के नाम पर केवल एक ही खाता खोल सकता है। इस योजना में प्रति परिवार केवल दो बालिकाओं को शामिल किया गया है, इस प्रकार, दोनों बालिकाओं के लिए एक-एक खाता खोला जा सकता है।

हालांकि, माता-पिता या अभिभावक लाभ और लौटाने की अवधि जिनके तीन बालिकाएं हैं, वे तीसरा खाता भी खोल सकते हैं बशर्ते वे सरकार द्वारा निर्दिष्ट मानदंडों को पूरा करते हों। सरकार ने कहा है कि सुकन्या समृद्धि खाता तीसरी बच्ची के लिए खोला जा सकता है, अगर पहली डिलीवरी के दौरान एक लड़की पैदा हो जाती है और फिर दूसरी डिलीवरी के दौरान जुड़वां लड़कियां हो जाती हैं तो इस योजना का लाभ उन्हें भी मिल सकेगा।

इसलिए, यदि किसी व्यक्ति की तीन बालिकाएं हैं और उनमें से दो जुड़वां हैं, तो तीनों को सुकन्या समृद्धि योजना (SSY) लाभ और लौटाने की अवधि के तहत कवर किया जाएगा।

SSY योजना 7.6 प्रतिशत की आकर्षक ब्याज दर प्रदान करती है। योजना से अर्जित ब्याज आय आयकर अधिनियम 1961 की धारा -10 के तहत कर से पूरी तरह मुक्त है। साथ ही, योजना में किया गया निवेश अधिनियम की धारा 80-सी के तहत कटौती के लिए योग्य है।

वहीं, जब न्यूनतम निवेश राशि की बात आती है, तो कोई भी 15 साल की अवधि के लिए खाते में प्रति वर्ष 250 रुपये और अधिकतम 1,50,000 रुपये तक निवेश कर सकता है। यह डिपॉजिट 21 साल में मैच्योर होगा।

साथ ही अगर किसी वित्तीय वर्ष में न्यूनतम 250 रुपये जमा नहीं किया जाता है तो 50 रुपये का जुर्माना देकर खाते को फिर से चालू किया जा सकता है।

खाता खोलने की तारीख से 21 वर्ष पूरे होने पर खाता परिपक्वता प्राप्त करेगा। हालांकि, बालिका के विवाह लाभ और लौटाने की अवधि की तिथि के बाद खाते के संचालन की अनुमति नहीं दी जाएगी।

बिहार में रात को सड़कों पर निकले तेजस्वी, रैन बसेरों का लिया जायजा,

पटना| बिहार के उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव मंगलवार की आधी रात लाभ और लौटाने की अवधि अचानक राजधानी पटना की सड़कों पर निकल गए और रैन बसेरों में पहुंच कर जायजा लिया। इस दौरान ठंड की रात में सड़क किनारे खुले आसमान के नीचे सो रहे लोगों से मुलाकात की और उन्हें कम्बल बांटे। तेजस्वी के साथ कई अधिकारी और तेजस्वी यादव की पार्टी के कार्यकर्ता मौजूद रहे। इस बीच, तेजस्वी ने अधिकारियों को कई निर्देश भी दिए।

तेजस्वी अपने आवास से सीधे गांधी मैदान पहुंचे और लाभ और लौटाने की अवधि वहां बनाए गए रैन बसेरा में जाकर लोगों से मुलाकात की फिर गांधी मैदान के चारों तरफ घूम कर लोगों को कंबल वितरित किया।

तेजस्वी यादव ने कंकड़बाग, राजेंद्र नगर सहित कई इलाकों में लोगों को कंबल वितरित किया।

कड़ाके की सर्दी से बचने के लिए सरकार ने रैन बसेरों और नि:शुल्क अस्थायी आश्रय स्थलों के इंतजाम किए हैं।

उपमुख्यमंत्री इस दौरान सड़क के किनारे, पुल-फ्लाईओवर के नीचे कड़ाके के ठंड में सो रहे गरीबों को कंबल बांटे तथा उनसे मुलाकात कर अंक समस्याओं और अपेक्षाओं को जाना।

उपमुख्यमंत्री ने रैन बसेरों का लाभ पाने के लिए प्रक्रिया को एकदम सरल बनाने के अधिकारियों को निर्देश दिए तथा जिससे अधिक से अधिक लोग इसका लाभ उठा सकें।

तेजस्वी ने फ्लाईओवर के नीचे खाली पड़े जगह में महिलाओं के लिए अलग नि:शुल्क अस्थाई स्थल बनाने के भी निर्देश अधिकारियों को दिए।

उन्होंने रिक्शा, ठेलों अथवा अन्य वाहनों की सुरक्षा को लेकर चिंता में इन आश्रय स्थलों का लाभ नहीं ले पा रहे हैं, उनके लिए अलग से व्यवस्था करने तथा आश्रय स्थलों की लगातार संख्या बढ़ाई जा रही है।

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Web Title-Tejashwi came out on the streets in Bihar at night, took stock of night shelters, distributed लाभ और लौटाने की अवधि blankets to people sleeping on the footpath

PM Kisan Yojana 2022: इन किसानों को लौटाने पड़ेगा क़िस्त का पैसा, फटाफट देखे पूरी खबर

PM Kisan Yojana: पीएम किसान योजना का लाभ उठा रहे किसानों के लिए एक बेहद जरूरी खबर है। योजना के कई लाभार्थियों को पैसा वापस करना होगा। इसके लिए किसानों को नोटिस भेजा जा रहा है। जानिए क्या आपको भी पैसे वापस करने होंगे या नहीं।

PM Kisan Yojana: पीएम किसान योजना का लाभ उठा रहे किसानों के लिए एक बेहद जरूरी खबर है। योजना के कई लाभार्थियों को पैसा वापस करना होगा। इसके लिए किसानों को नोटिस भेजा जा रहा है। जानिए क्या आपको भी पैसे वापस करने होंगे या नहीं।

गलत फायदा उठाने वालों पर शिकंजा कसा जाएगा

दरअसल पीएम किसान योजना का गलत तरीके से फायदा उठा रहे किसानों पर शिकंजा कसा जा रहा है. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक फर्जी तरीके से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि खाते में लेने वालों को नोटिस भेजा जा रहा है. यह प्रक्रिया लंबे समय से चल रही है। बताया जा रहा है कि पैसे नहीं लौटाने वाले ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है.

क्या आपको भी लौटानी पड़ेगी पीएम किसान निधि?

क्या आपको भी पीएम किसान निधि लौटानी है, ऑनलाइन चेक कर सकते हैं। इसके लिए सबसे पहले pmkisan.gov.in पर जाएं। यहां फार्मर्स कॉर्नर पर ऑनलाइन रिफंड का विकल्प दिखाई देगा। इस पर क्लिक करने के बाद एक पेज खुलेगा। यहां मांगी गई जानकारी दर्ज करें।

इसके बाद अपना 12 अंकों का आधार नंबर, बैंक अकाउंट नंबर या रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर डालें। इसके बाद कैप्चा कोड डालकर Get Data पर क्लिक करें। यदि स्क्रीन पर ‘आप किसी भी धनवापसी राशि के लिए पात्र नहीं हैं’ का संदेश दिखाई देता है, तो इसका मतलब है कि पैसा वापस नहीं किया जाना है।

वहीं अगर रिफंड अमाउंट का ऑप्शन आता है तो इसका मतलब है कि आपको किसी भी वक्त रिफंड का नोटिस मिल सकता है.

किसानों को मिलती है आर्थिक मदद

पीएम किसान योजना के तहत पंजीकृत किसानों को हर साल 6 हजार रुपये मिलते हैं। केंद्र सरकार यह राशि किसानों के खाते में साल में तीन बार 2,000 रुपये की किस्त के रूप में ऑनलाइन भेजती है।

बता दें कि अब तक पंजीकृत किसानों के खाते में 11 किश्तें भेजी जा चुकी हैं. अब किसान 12वीं किस्त का इंतजार कर रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स लाभ और लौटाने की अवधि में दावा किया जा रहा है कि सितंबर में किसानों के खाते में 12वीं किस्त आ सकती है.

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